रिपोर्ट:News10plus एडिटर मोहम्मद राशिद सैय्यद|अम्बेडकरनगर। एनटीपीसी की निगमित सामाजिक उत्तरदायित्व पहल के तहत एनटीपीसी टांडा में ‘सपनों की उड़ान’ बालिका सशक्तिकरण अभियान कार्यशाला-2026 का भव्य शुभारंभ
शुक्रवार को सरगम सभागार में किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण अंचल की बालिकाओं को शिक्षा, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और जीवन कौशल से सशक्त बनाना है।
समारोह के मुख्य अतिथि एनटीपीसी लिमिटेड के क्षेत्रीय कार्यकारी निदेशक उत्तर एवं एनएसपीसीएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री दिवाकर कौशिक रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में उत्तरा क्लब की अध्यक्षा श्रीमती सीमा कौशिक उपस्थित रहीं।
अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर कार्यशाला का शुभारंभ किया। इसके बाद एनटीपीसी गीत और गरिमा महिला मंडल द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों का अभिनंदन किया गया।
प्रेरणादायी फिल्म और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां कार्यक्रम में बालिका सशक्तिकरण अभियान पर आधारित प्रेरणादायी फिल्म दिखाई गई, जिसमें जेम पहल से बालिकाओं के जीवन में आए सकारात्मक बदलावों को दर्शाया गया।
बाल भवन एवं गरिमा महिला मंडल विद्यालय की बालिकाओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। जेम बालिकाओं के योग प्रदर्शन और अन्य प्रस्तुतियों ने सभी का मन मोह लिया।
बालिका सशक्तिकरण राष्ट्र निर्माण की आधारशिला: दिवाकर कौशिक अपने संबोधन में मुख्य अतिथि श्री दिवाकर कौशिक ने कहा कि बालिका सशक्तिकरण केवल सामाजिक दायित्व नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है।
एनटीपीसी की गर्ल एम्पावरमेंट मिशन यानी जेम पहल देशभर में हजारों बालिकाओं के जीवन में बदलाव ला रही है। उन्होंने बालिकाओं से बड़े सपने देखने और उन्हें पूरा करने के लिए निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया।
श्रीमती सीमा कौशिक ने कहा कि शिक्षा ही सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने बालिकाओं को आत्मनिर्भर बनने और अपने व्यक्तित्व विकास पर ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि ऐसी कार्यशालाएं बालिकाओं के सर्वांगीण विकास में मील का पत्थर साबित होती हैं।
क्या सिखाया जाएगा कार्यशाला में इस आवासीय कार्यशाला के दौरान बालिकाओं को शैक्षणिक कक्षाओं के साथ कंप्यूटर ज्ञान, व्यक्तित्व विकास, योग, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, आत्मरक्षा, सांस्कृतिक गतिविधियां और नेतृत्व कौशल का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
जेम पहल का लक्ष्य बालिकाओं में आत्मविश्वास जगाकर उन्हें समाज में सकारात्मक परिवर्तन का वाहक बनाना है। पूर्व प्रतिभागियों ने साझा किए अनुभव समारोह में पिछले वर्ष की जेम प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए।
उन्होंने बताया कि इस पहल ने उनके आत्मविश्वास, संवाद कौशल और व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका निभाई है। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को किट वितरित किए गए और सामूहिक छायाचित्र लिया गया।
इस अवसर पर एनटीपीसी टांडा के कार्यकारी निदेशक श्री जयदेव परिदा, गरिमा महिला मंडल की अध्यक्षा श्रीमती संघमित्रा परिदा, वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी,
सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। आयोजकों ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।




