रिपोर्ट News10plus| अम्बेडकरनगर |07 अप्रैल 2026 (मंगलवार) को जनपद में जलापूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट स्थित अपने कार्यालय कक्ष में जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित एवं निर्माणाधीन
परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में जिलाधिकारी ने परियोजनाओं की प्रगति, गुणवत्ता एवं आमजन को मिल रही सुविधाओं की गहन समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने ओ एंड एम (ऑपरेशन एंड मेंटेनेंस) के तहत संचालित सभी 58 परियोजनाओं का अप्रैल माह में निर्धारित चेकलिस्ट के अनुसार शत-प्रतिशत सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि
सत्यापन के दौरान परियोजनाओं से प्रभावित मार्गों की स्थिति, आईजीआरएस पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता, पाइपलाइन लीकेज, जल की गुणवत्ता, ऑपरेटरों के मानदेय भुगतान तथा आमजन से प्राप्त फीडबैक का विशेष रूप से परीक्षण किया जाए।
इसके साथ ही जिलाधिकारी ने परियोजनाओं के अंतर्गत आने वाले सभी विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों, पंचायत भवनों एवं अन्य शासकीय संस्थानों में नल कनेक्शन की
स्थिति का अनिवार्य रूप से सत्यापन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां जलापूर्ति शुरू हो चुकी है, वहां शत-प्रतिशत नल कनेक्शन सुनिश्चित किया जाना प्राथमिकता होनी चाहिए।
बैठक में अधिशाषी अभियंता जल निगम (ग्रामीण) ने जानकारी देते हुए बताया कि जनपद में अब तक 328 परियोजनाओं के माध्यम से 1000 राजस्व ग्रामों में शिरोपारि जलाशय एवं

जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि सत्यापन के दौरान यदि मानदेय भुगतान या कार्य की गुणवत्ता में किसी प्रकार की लापरवाही पाई गई तो संबंधित कार्यदाई संस्था के
विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जिन परियोजनाओं की प्रगति अपेक्षित स्तर पर नहीं है, उनके संबंध में शासन को पत्राचार करते हुए आवश्यक कार्रवाई की जाए।
जनता की डीएम से मांग एक नज़र टांडा पर भी!
टांडा में जल जीवन मिशन पर कार्य कर रही कार्यदाई संस्था की बड़ी लापरवाही से आमजनों भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है नगरवासियों का कहना है टांडा नगरक्षेत्र में जो कार्य चल रहा है,
बिल्कुल कछुआ की चाल से भी धीमी गति किया जा रहा! आधा अधूरा कार्य किया जा रहा कहीं पर कनेक्शन किए गए हैं तो कहीं पर छोड़ दिए गए हैं, एक ओर का कार्य एक साथ नहीं समाप्त किया जा रहा है,
आधा कार्य कर छोड़ दिया जा रहा है सड़कों गलियों में जगह जगह गड्ढे होने के कारण आने जाने में कठिन परिस्थितियों जूझ रहे हैं, आमजनों का मानना है कि इस तरह से 2026 खत्म होने के बाद भी कार्यदाई संस्था अपना कार्य पूरा नही कर पायेगी।
जबकि पूर्व में जिलाधिकारी ने कई बार कार्यदाई संस्था और उसके जिम्मेदारानों कड़ी फटकार भी लगाई थी लेकिन जिलाधिकारी के निर्देशों को दरकिनार करते हुए कार्यों में घोर लापरवाही बरती जा रही है, और कोई सवाल पूछने वाला नहीं है!
उक्त बैठक में मुख्य रूप से मौजूद रहे, मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला, जिला पंचायत राज अधिकारी, अधिशाषी अभियंता जल निगम (ग्रामीण) सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कार्यदाई संस्थाओं के पदाधिकारी उपस्थित रहे।




