रिपोर्ट एडिटर मोहम्मद राशिद – सैय्यद| अम्बेडकरनगर ! टांडा क्षेत्र में रसोई गैस वितरण को लेकर उपभोक्ताओं की परेशानी देखने को मिल रही है, इसी क्रम में एक सवाल उठ रहा है कि आखिर ऐसी क्या वजह है कि कपूर गैस सिलेंडर वितरण करने वाले वाहनों के पास मीडिया कर्मियों को
फोटो और वीडियो बनाने से रोका जाता है। कई बार एजेंसी मालिक और एसडीएम टांडा का नाम लेकर कहा जाता है कि “ऊपर से मना किया गया है”, इसलिए कोई वीडियो या फोटो न बनाए। ऐसे में आम जनता की समस्याएं सामने लाना भी मुश्किल हो जाता है।
इसी तरह का एक मामला आज रौज़ा कब्रिस्तान के पास उस समय देखने को मिला, जब गैस सिलेंडर लेने के लिए लंबी लाइन लगी हुई थी, जबकि पर्याप्त संख्या में सिलेंडर उपलब्ध नहीं थे।
लाइन में कई ऐसे उपभोक्ता भी लगे थे जो 15 किलोमीटर दूर से आए थे, वहीं कुछ लोग लगभग 40 किलोमीटर दूर से सिलेंडर लेने पहुंचे थे। घंटों इंतजार करने के बाद भी कई लोगों को बिना सिलेंडर लिए ही वापस लौटना पड़ा।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि कुछ लोग वर्षों से कई उपभोक्ताओं की गैस बुकिंग वाली काफी अपने पास रखकर सिलेंडरों की कालाबाजारी करते हैं। इनमें से अधिकांश तीन पहिया ठेला चलाने वाले बताए जाते हैं, जिनका यही मुख्य धंधा है।
आरोप यह भी है कि गैस सिलेंडर वितरण करने वाले वाहन के कुछ कर्मियों की भी उनसे मिलीभगत होती है। यही लोग पत्रकारों को उनका कार्य करने से रोकते हैं और एजेंसी मालिक का हवाला देते हुए कहते हैं कि “अभी आ जाएंगे तो डांट पड़ेगी।”
हालांकि, जब इस पूरे प्रकरण की जानकारी एसडीएम टांडा डॉ. शशिशेखर को मिली तो उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए कपूर गैस एजेंसी पर सख्ती दिखाई।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी उपभोक्ता को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाएगा और बुकिंग के बाद तय समय में गैस सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। प्रशासन इस व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखेगा।
बता दें एसडीएम टांडा डॉ शशिशेखर ने पूर्ति अधिकारी पत्रकारों और होटल संचालकों के साथ बीते शनिवार को संवाद भी किया। इस दौरान उन्होंने रसोई गैस की
कालाबाजारी और जमाखोरी पर विशेष नजर रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि मीडिया और नगर के जागरूक नागरिकों के सहयोग से बड़ी से बड़ी समस्याओं का समाधान संभव है।
साथ ही एसडीएम डॉ. शशिशेखर ने मीडिया के माध्यम से आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि किसी को भी घबराने की आवश्यकता नहीं है।
प्रत्येक उपभोक्ता को 25 दिन पूरे होने के बाद गैस सिलेंडर बुक करने पर तीन दिनों के भीतर उपलब्ध कराया जाएगा, इसलिए घरों में गैस सिलेंडर का अनावश्यक स्टॉक करने से बचें।
उन्होंने यह भी कहा कि एलपीजी गैस सिलेंडर को लंबे समय तक घरों में भरा हुआ नहीं रखना चाहिए, क्योंकि प्रत्येक सिलेंडर की एक एक्सपायरी डेट होती है। यदि समय सीमा के बाद सिलेंडर का उपयोग किया जाता है तो दुर्घटना की संभावना बढ़ सकती है।
इसलिए सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आवश्यकता पड़ने पर ही गैस सिलेंडर लें, ताकि परिवार और आसपास के लोग सुरक्षित रह सकें।




