रिपोर्ट News10plus| अम्बेडकरनगर। जनपद सहित टांडा नगर क्षेत्र में ‘शब-ए-बरअत’ का पर्व अकीदत और उत्साह के साथ मनाया गया। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के बीच पूरी रात मस्जिदों और कब्रिस्तानों में इबादत का सिलसिला चलता रहा।

रोशनी से जगमगा उठे कब्रिस्तान
जिले के सभी प्रमुख कब्रिस्तानों को आकर्षक विद्युत झालरों और लाइटों से भव्य रूप से सजाया गया था। टांडा नगर के रौज़ा कब्रिस्तान, तलवापार, घूरनशाहबाबा, अलीबाग़, सिकंद्राबाद कब्रिस्तान और सकरावल में स्थित कब्रिस्तान सहित ग्रामीण अंचलों के कब्रिस्तानों में शाम से ही जायरीन का तांता लगा रहा।
लोगों ने अपने पूर्वजों (मर्हूमिन) की कब्रों पर पुष्प अर्पित किए और फातिहा पढ़कर उनकी रूह के सुकून व आख़िरत की बख्शिश के लिए दुआएं मांगी।

घरों में हुई इबादत, चखा हलवा-पूरी का स्वाद
शब-ए-बरअत के अवसर पर मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्रों में विशेष चहल-पहल देखी गई। घरों में पूर्वजों के नाम पर हलवा-पूरी का फातिहा दिलाया गया। पड़ोसियों व
रिश्तेदारों में बांटे गए हलवा पूरी। जहां बुजुर्ग और महिलाएं पूरी रात खुदा की इबादत, नमाज़ और कुरान की तिलावत में मशगूल रहे, वहीं बच्चों ने पटाखे फोड़कर अपनी खुशी का इजहार किया।
प्रशासन रहा मुस्तैद
त्योहार को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। संवेदनशील चौराहों और कब्रिस्तानों के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, जिससे शांतिपूर्ण माहौल में इबादत का दौर संपन्न हुआ।
इबादत की रात, मगफिरत की दुआ! ‘शब-ए-बरात’ पर दिखा अकीदत का सैलाब। टांडा के रौज़ा और अलीबाग जैसे कब्रिस्तानों में उमड़ी भीड़,
रोशनी से जगमगाए दर-ओ-दीवार। अपनों की याद में उठे हाथ और हलवा-पूरी की मिठास के साथ मनी खुशियां। प्रशासन की निगरानी में शांतिपूर्ण संपन्न हुआ त्योहार।



